कवर्धा मौसम की प्रकोप: बुआई धान के फसल हुआ जलमग्न..सैकड़ों एकड़ धान का फसल..किसानों को चिंता.. बारिश से विभिन्न गांव प्रभावित..

TCN TIMES NEWS KAWARDHA: जो बोलते है कि खेती किसानी कार्य करना आसान बात है आपको बता दे कि किसान अपने फसलों को बच्चों जैसा देख भाल करते है, और अच्छी फसलों से अपने परिवार के साथ साथ देश की अर्थव्यवस्था में बहुत बड़ी भूमिका निभाते है।
कवर्धा जिले में कुछ दिनों से लगातार बारिश के चलते बुआई किये धान की फसल खराब एवं सड़ने की संभावना बढ़ गई है। किसानों की मुख्य आय का माध्यम सिर्फ किसानी कार्य होता है जो बड़ी मेहनत लगन से करते है और अपने परिवार का पालन पोषण करते है।
दिनांक 18.7.2026 बिते दिनों से कबीरधाम जिला के विकास खण्ड सहसपुर लोहारा ब्लाक के अंतर्गत सैकड़ों गांवों के किसानों के द्वारा धान फसल बोनी बस किया गया था।
लगातार ज्यादा वर्षों होने से हजारों एकड़ में अंकुरित धान बोआई फसल खराब होने की संभावना बना हुआ है। अधिकतर खेतों में पानी भरने से जलमग्न हो गया। आपको बता दे कि 100 रूपए प्रति किलो धान खरीद कर खेती करने वाले किसान अब चिंता में डुबने लगे हैं। सैकड़ों एकड़ खेत धान फसल को लेकर किसानों को चिंता संतानें लगी है।
सबसे ज्यादा प्रभावित गांव...
बजार चारभाठा,गोछिया,पेन्ड्री , दानी घठोली,उलट, बगदई, , मोहतरा,गैदपुर, गोरखपुर, ठाठापुर,सिघौरी,ढोरली, कड़कड़ा,सिघनगढ,मोहभठ्ठा, सेमरिया, कौड़ीया,बंधी, जैसे सैकड़ों गांवों की किसान पानी भरने से प्रभावित हो रहे हैं।














